लोक कलाकारों का सम्मान – अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव की सांस्कृतिक शान
ब्रह्मसरोवर तट पर अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुतियाँ देने वाले लोक कलाकारों का यह समूह, आयोजन टीम और […]
ब्रह्मसरोवर तट पर अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुतियाँ देने वाले लोक कलाकारों का यह समूह, आयोजन टीम और […]
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में लोक कलाकारों की मधुर मुस्कानें, रंग-बिरंगे नृत्य और पारंपरिक वेशभूषा ने पूरे वातावरण को आनंद, उत्साह
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में लोक कलाकारों की रोमांचक कलाबाज़ी ने दर्शकों को चकित कर दिया। संतुलन, शक्ति और अद्भुत फुर्ती
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में निहंग योद्धाओं की गतका कला ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया। उनकी फुर्ती, शौर्य और परंपरा
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में लोक-संगीतकारों की मनभावन प्रस्तुति ने पूरे वातावरण को भक्ति, उमंग और मधुर सुरों से भर दिया।
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में भगवान श्रीकृष्ण और राधा की मनमोहक रास–लीला ने पूरे मंच को भक्ति, प्रेम और सौंदर्य से
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव की दिव्य रात्रि में, पारंपरिक वेशभूषा में सजी कलाकाराओं ने अपनी उज्ज्वल मुस्कानों और लोक-संस्कृति की चमक
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में पारंपरिक वेशभूषा में सजे कलाकारों ने अपनी मनमोहक प्रस्तुतियों से न केवल मंच, बल्कि पूरे वातावरण
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में लोकनृत्यांगनाओं की खिलखिलाती मुस्कानें पूरे माहौल को ऊर्जा, उल्लास और उत्साह से भर रही हैं। परंपरागत
लाड़वा ने आज एक ऐतिहासिक और दिव्य क्षण का साक्षी बना, जब 11 कुंडियों में वैदिक मंत्रोच्चार और पावन हवन
लाड़वा में आयोजित गीता जयंती समारोह 2025 बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा का ऐसा अद्वितीय मंच बना, जहाँ नन्हे हाथों ने
धर्मक्षेत्र कुरुक्षेत्र के पावन ब्रह्मसरोवर पर चल रहे अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव में राजस्थान से आए कलाकारों द्वारा प्रस्तुत कूची-गुड़ी नृत्य