International Gita Mahotsav

 

INTERNATIONAL GITA MAHOTSAV

(5 to 25 December 2026)

Kurukshetra, Haryana

धर्मक्षेत्र कुरुक्षेत्र का एक पौराणिक और आध्यात्मिक इतिहास रहा है। इस धरा पर जहां भगवान श्रीकृष्ण ने मोह ग्रस्त अर्जुन को गीता का ज्ञान दिया वहीं पवित्र ग्रंथ गीता के श्लोकों ने मानवता को आध्यात्मिक ज्ञान प्रदान किया है। इसके साथ-साथ अनेक महान संतों के पैर इस धरा पर पड़े।

राजनीतिक सलाहकार भारत भूषण भारती मंगलवार को देर सायं ब्रहमसरोवर पुरुषोत्तमपुरा बाग में महोत्सव के गीता महाआरती कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रुप में बोल रहे थे। इससे पहले राजनीतिक सलाहकार भारत भूषण भारती, केडीबी के मानद सचिव उपेंद्र सिंघल, कुरुक्षेत्र 48 कोस तीर्थ निगरानी कमेटी के चेयरमैन मदन मोहन छाबड़ा, केडीबी सदस्य अशोक रोशा, डा. ऋषिपाल मथाना, डा. एमके मोदगिल, कैप्टन अमरजीत सिंह, युद्घिष्ठïर बहल ने पुरुषोत्तमपुरा बाग में सायं कालीन सांस्कृतिक संध्या का दीप प्रज्जवलित करके शुभारंभ किया। इस दौरान राजनीतिक सलाहकार भारत भूषण भारती ने प्रसिद्ध कलाकार मोरा लाला और निधि शर्मा को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस सांस्कृतिक संध्या में सुप्रसिद्घ कलाकार मोरा लाला ने संत कबीर की वाणी को अपने शब्दों में पिरोकर प्रस्तुत किया। इस प्रस्तुति में कबीर के दोहे, समाज को दिशा दिखाने वाले शब्दों और कबीर के ज्ञान को गायन शैली के माध्यम से प्रस्तुत करके सबका ध्यान अपनी तरफ आकर्षित करने का काम किया। इस प्रस्तुति के साथ प्रसिद्ध कलाकार निधि शर्मा ने भगवान श्रीकृष्ण-राधा से जुड़े भजनों को प्रस्तुत करके दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। इन दोनों प्रस्तुतियों की दर्शकों ने खूब सराहना की है।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top
Enable Notifications OK No thanks